दमोह/ दिशा की बैठक एक सतत प्रक्रिया है, जो प्रत्येक तीन महीने में आयोजित की जाती है, ताकि विकास कार्यों की प्रगति और संभावित देरी की निगरानी की जा सके। बैठक में केन-बेतवा लिंक परियोजना की विधिवत समीक्षा की गई। इसके साथ ही सीतानगर परियोजना से छूट गए 33 गांवों और हिंडोरिया क्षेत्र को जोड़ने के लिए रोडमैप तैयार किए जाने पर भी चर्चा हुई। मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य लगभग पूर्णता की स्थिति में है। वहीं नर्सिंग कॉलेज का टेंडर भी खुल चुका है और जल्द ही उसका निर्माण कार्य प्रारंभ किया जाएगा। प्रधानमंत्री सड़क योजना के अंतर्गत जिन मंजरा-टोलों तक सड़कें नहीं पहुंच पाई हैं, उन्हें लेकर भी अधिकारियों के साथ समीक्षा की गई और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस आशय के विचार दमोह सांसद राहुल सिंह लोधी ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में व्यक्त किये।
वीआईपी रोड निर्माण में देरी पर ठेकेदार को चेतावनी
नगरपालिका दमोह अंतर्गत महाराणा प्रताप चौक से कीर्ति स्तंभ तक बनने वाली वीआईपी रोड के एक हिस्से का कार्य अधूरा होने पर सांसद राहुल सिंह ने नाराजगी जताई। उन्होंने अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
अमृत सरोवर तालाब मामले में जांच दल गठित
सदगुवां क्षेत्र में अमृत सरोवर योजना के तहत बने तालाब के सूखने का मामला भी बैठक में उठा। उन्होने कहा, लगभग 19 लाख रुपये की लागत से बने तालाब के समीप अवैध उत्खनन होने के कारण तालाब प्रभावित हुआ है। मामले की जांच के लिए एक जांच दल गठित किया गया है। रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
किसानों से साइलो में सीधे पंजीयन कराने की अपील
सांसद राहुल सिंह ने कहा कि हटा एवं हिनौता क्षेत्र में साइलो (Silo) संचालन प्रारंभ कर दिया गया है, जिससे किसानों को उपार्जन केंद्रों पर होने वाली भीड़ से राहत मिलेगी। उन्होने किसानों से अपील की है कि वे सीधे साइलो में अपना पंजीयन स्लॉट बुक कर गेहूं जमा करें। उन्होने कहा, कुछ उपार्जन केंद्रों पर भीड़ और अव्यवस्था की शिकायतें सामने आई हैं, लेकिन जिले के कलेक्टर प्रताप नारायण यादव लगातार केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं। किसानों से अवैध वसूली या दुर्व्यवहार करने वालों के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई भी की जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में सरकार का उद्देश्य मध्य प्रदेश के किसानों का एक-एक दाना खरीदना है।
‘कृषि कल्याण वर्ष’ में किसानों को हाई-टेक खेती से जोड़ने का अभियान तेज
सांसद राहुल सिंह ने कहा, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्य प्रदेश सरकार द्वारा प्रदेशभर में ‘कृषि कल्याण वर्ष’ के अंतर्गत किसानों को आधुनिक एवं उन्नत कृषि तकनीकों से जोड़ने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य किसानों को वैज्ञानिक पद्धति आधारित खेती, नवीन तकनीकों तथा कृषि नवाचारों से जोड़कर उनकी आय में वृद्धि सुनिश्चित करना है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पहले प्रदेश में ‘किसान वर्ष’ और उसके बाद ‘खेल वर्ष’ मनाकर विकास और नवाचार को नई दिशा दी है। उनके नेतृत्व में राज्य में निरंतर जनकल्याणकारी एवं विकासोन्मुख पहलें संचालित की जा रही हैं।
‘कृषि कल्याण वर्ष’ के अंतर्गत प्रदेश के विभिन्न जिलों में विशेष कृषि रथ भेजे जा रहे हैं। इन रथों के माध्यम से कृषि वैज्ञानिकों एवं कृषि विभाग के अधिकारियों की टीम गांव-गांव पहुंचकर किसानों से संवाद स्थापित कर रही है। किसानों को उन्नत बीज, आधुनिक कृषि उपकरण, जैविक खेती, जल संरक्षण तकनीकों तथा नई कृषि पद्धतियों की जानकारी दी जा रही है।
करैया, बांदकपुर और आनू ROB दिसंबर तक
पूर्ण होने की संभावना, गैसाबाद पुल कार्य भी जल्द होगा शुरू
सांसद राहुल सिंह ने कहा करैया, बांदकपुर और आनू के रोड ओवर ब्रिज (ROB) निर्माण कार्य तेजी से अंतिम चरण में पहुंच चुके हैं। संभावना जताई जा रही है कि दिसंबर माह तक तीनों ROB पूर्ण होकर जनता को समर्पित कर दिए जाएंगे। उन्होने कहा, इसके साथ ही जिले में एक बड़े गौ-अभ्यारण्य की स्थापना की दिशा में भी कार्य प्रगति पर है। परियोजना के भूमिपूजन कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के आगमन की संभावना है। हालांकि कार्यक्रम की आधिकारिक पुष्टि अभी शेष है।
गैसाबाद पुल परियोजना को लेकर भी प्रशासनिक प्रक्रिया लगभग पूर्ण हो चुकी है। संबंधित अधिकारियों के अनुसार पन्ना कलेक्टर कार्यालय द्वारा भूमि अधिग्रहण एवं अन्य औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। शेष तकनीकी औपचारिकताएं पूरी होते ही निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा। उम्मीद जताई जा रही है कि कार्य प्रारंभ होने के लगभग 15 दिनों के भीतर दमोह-गैसाबाद-हटा मार्ग पर आवागमन आंशिक रूप से सुचारु हो सकेगा। वर्तमान में पन्ना जाने वाले यात्रियों को हो रही कठिनाइयों में इससे बड़ी राहत मिलने की संभावना है।
30 जून तक मेडिकल कॉलेज भवन हैंडओवर, मुख्यमंत्री डॉ. यादव करेंगे शुभारंभ
सांसद राहुल सिंह ने कहा, दमोह में बन रहा मेडिकल कॉलेज अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है। 30 जून तक मेडिकल कॉलेज की भवन निर्माण प्रक्रिया पूर्ण कर उसे औपचारिक रूप से हैंडओवर कर दिया जाएगा। इसके बाद प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा मेडिकल कॉलेज का शुभारंभ किए जाने की संभावना है। हाल ही में आयोजित हुई NEET परीक्षा के बाद अनुमान लगाया जा रहा है कि पहले शैक्षणिक सत्र में लगभग 100 विद्यार्थियों को प्रवेश मिलेगा। प्रत्येक वर्ष 100 सीटों की वृद्धि के साथ अगले चार वर्षों में मेडिकल कॉलेज में विद्यार्थियों की संख्या बढ़कर लगभग 400 हो जाएगी।
नर्सिंग कॉलेज का टेंडर भी जारी
मेडिकल शिक्षा को और मजबूत बनाने के लिए नर्सिंग कॉलेज की प्रक्रिया भी तेज हो गई है। नर्सिंग कॉलेज का टेंडर जारी हो चुका है, जिससे आने वाले समय में लगभग 100 से 150 विद्यार्थियों को नर्सिंग शिक्षा का अवसर मिलेगा। पीजी कोर्स शुरू होने के बाद विद्यार्थियों की कुल संख्या लगभग 800 तक पहुंचने का अनुमान है। उन्होने कहा मेडिकल कॉलेज और अस्पताल संचालन के लिए फैकल्टी, नर्सिंग स्टाफ, तकनीकी कर्मचारियों एवं आउटसोर्स कर्मचारियों सहित लगभग 1,000 लोगों का स्टाफ कार्यरत रहेगा। इससे जिले में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
दमोह की अर्थव्यवस्था को मिलेगा बड़ा लाभ
, विशेषज्ञों का मानना है कि मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के शुरू होने से आसपास के क्षेत्र में होटल, किराना, परिवहन, किराये के मकान, भोजनालय और अन्य व्यापारिक गतिविधियों में तेजी आएगी। इससे दमोह आर्थिक रूप से समृद्धि की दिशा में तेजी से आगे बढ़ेगा और यह परियोजना जिले के विकास का बड़ा केंद्र बनेगी।
दमोह को मिलेगा टाइगर सफारी गेट, सड़क परियोजनाओं को भी मिली रफ्तार
17 किमी एलिवेटेड रोड बनेगा, वन्यजीवों की सुरक्षा पर फोकस
सांसद राहुल सिंह ने कहा, ओरछा-हीरापुर- दमोह- जबलपुर मार्ग पर MPRDC द्वारा टू-लेन शोल्डर सड़क का निर्माण किया जाएगा। परियोजना के तहत 17 किलोमीटर का एलिवेटेड रोड बनाया जाएगा, जिससे वन्यजीवों के लिए नीचे से सुरक्षित रास्ता उपलब्ध रहेगा और सड़क हादसों में कमी आएगी। उन्होने कहा, क्षेत्र की तीन महत्वपूर्ण सड़कों पर जल्द निर्माण कार्य शुरू करने की तैयारी है। प्रशासनिक प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है।
झापन और बीना-बारह परियोजनाओं को स्वीकृति
झापन क्षेत्र के आसपास एक नई परियोजना को मंजूरी मिली है। वहीं देवरी विधानसभा क्षेत्र में बीना-बारा परियोजना को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।
इस अवसर पर आयोजित बैठक में विधायक उमा देवी खटीक, जिला पंचायत अध्यक्ष रंजीता गौरव पटेल, कलेक्टर प्रताप नारायण यादव, वनमण्डलाधिकारी ईश्वर जरांडे, सीईओ जिला पंचायत प्रवीण फुलपगारे सहित समिति के सदस्यगण और संबंधित विभागो के अधिकारीगण मौजूद रहे।
