दमोह/ मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राकेश राय ने कहा कि माँ और बच्चे का अच्छा स्वास्थ्य तभी संभव है, जब गर्भधारण सही समय पर हो और दो बच्चों के जन्म के बीच पर्याप्त अंतर रखा जाए। इसी उद्देश्य को लेकर स्वास्थ्य विभाग द्वारा 11 से 18 जुलाई तक विश्व जनसंख्या दिवस अभियान संचालित किया जाएगा।
घर-घर पहुँचेगा परिवार नियोजन का संदेश
जिला परिवार कल्याण अधिकारी डॉ. रीता चटर्जी ने बताया कि अभियान के दौरान जिले का स्वास्थ्य अमला घर-घर पहुँचकर आमजन से संवाद स्थापित करेगा तथा परिवार नियोजन के आधुनिक, सुरक्षित एवं प्रभावी साधनों की जानकारी देकर उन्हें अपनी आवश्यकता और इच्छा के अनुसार उचित साधन अपनाने के लिए प्रेरित करेगा।
अभियान के दौरान आशा, एएनएम व अन्य मैदानी कार्यकर्ता गृहभेंट, सास-बहू सम्मेलन, ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस तथा अन्य सामुदायिक आयोजनों के माध्यम से पात्र दम्पत्तियों से संपर्क करेंगे। उन्हें बताया जाएगा कि विवाह के बाद पहले बच्चे में कम से कम दो वर्ष की देरी तथा पहले और दूसरे बच्चे के बीच कम से कम तीन वर्ष का अंतर माँ के स्वास्थ्य की सुरक्षा, बच्चे के बेहतर शारीरिक एवं मानसिक विकास और परिवार की खुशहाली के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
सही जानकारी से होगा सही निर्णय
डॉ. रीता चटर्जी ने बताया कि अभियान का उद्देश्य किसी पर दबाव बनाना नहीं, बल्कि प्रत्येक दम्पत्ति को सही एवं वैज्ञानिक जानकारी उपलब्ध कराकर उन्हें अपनी सुविधा, स्वास्थ्य और पारिवारिक आवश्यकताओं के अनुरूप स्वैच्छिक निर्णय लेने में सहयोग देना है। सभी शासकीय स्वास्थ्य संस्थाओं पर प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी परिवार नियोजन संबंधी परामर्श एवं सेवाएँ निःशुल्क उपलब्ध कराएँगे।
स्वास्थ्य विभाग ने जिले के सभी नागरिकों से अपील की है कि वे अपने निकटतम स्वास्थ्य संस्थान, आयुष्मान आरोग्य मंदिर अथवा आशा कार्यकर्ता से संपर्क कर परिवार नियोजन के आधुनिक साधनों की जानकारी प्राप्त करें तथा अपनी पसंद के अनुसार उपयुक्त साधन अपनाकर स्वस्थ माँ, स्वस्थ शिशु और खुशहाल परिवार के निर्माण में सहभागी बनें।
